अंजनी कुमार “अंकुर ” की कविताएं

अंजनी कुमार “अंकुर ” की कविताएं

 

अपने आप में

या पुरी दुनिया में

सुधार लाना है

तो विधि अपनाओ

कर्तव्यबोध जगाओ

या डर बनाओ

 

———————————–

दिल की बात

दिल में सुनकर

दिल से करके देख

तुझे वह मिल जाएगा

जिसे तू पाना चाहता है

एक प्रयास एक शुरुवात करके देख

तुझे वह मिल जाएगा।

—————————–

दु:ख में भी

हम सुख का

कर सकते हैं एहसास

सकारात्मक सोच में

होती है वह आस

छोटे दु:ख से

बड़े दु:ख से कराएं

बस एक मुलाकात

——————————

जो

दूसरों की खुशियों में

खुशियाँ ढूंढ लेता है।

मानो वह

अपने गम के दरवाजे में

ताला जड़ देता  है।

—————————————

 

अंजनी कुमार “अंकुर ” रायगढ

2 thoughts on “अंजनी कुमार “अंकुर ” की कविताएं

  • January 13, 2012 at 12:11
    Permalink

    तुझे वह मिल जाएगा
    जिसे तू पाना चाहता है
    एक प्रयास एक शुरुवात करके देख
    तुझे वह मिल जाएगा।
    बहुत अच्छी हैं चारों कविताएं… सकारात्मक उर्जा से भरी सुन्दर रचनाएं …
    रचनाकार और प्रस्तुतकर्ता दोनों का आभार…शुभकामनाएं

    Reply
  • January 13, 2012 at 22:18
    Permalink

    अंकुर जी कि रचनाएं सच में बहुत सुन्दर हैं, जब मिले थे तब उन्होंने जो सुनाये थे वह सभी भी एक से बढ़ कर एक हैं.
    आपने उनकी रचना पढ़ने का अवसर दिया बहुत बहुत धन्यवाद

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.