संसार के पहले संवाददाता देवर्षि नारद
व्यक्ति, समाज, राष्ट्र निर्माण और साँस्कृतिक मूल्यों के लिये समर्पित संवाद कला संवाद सूत्र पत्रकारिता में हों अथवा समाज के
Read Moreव्यक्ति, समाज, राष्ट्र निर्माण और साँस्कृतिक मूल्यों के लिये समर्पित संवाद कला संवाद सूत्र पत्रकारिता में हों अथवा समाज के
Read Moreजब क्राँतिकारियों के शस्त्र गरजने लगे तो अहिसंक आँदोलन कारियों ने थोड़ी दूरी बनाई। तभी अंग्रेजों ने 1905 में बंगाल विभाजन का निर्णय लिया। तब दोनों धाराएँ समीप आईं। इसके अग्रणी नेताओं में विपिन चंद्र पाल हैं।
Read Moreकोई क्षेत्र या कोई देश ऐसा नहीं जहाँ भगवान् परशुरामजी की स्मृति या चिन्ह नहीं मिलते हों। उन्होंने शाँति और मानवता की स्थापना के लिये पूरी पृथ्वी की सतत यात्राएँ की। विश्व में वैदिक आर्य संस्कृति की स्थापना का आधार भगवान् परशुरामजी ही हैं।
Read Moreअन्य साथियों के नाम पूछे गये । कठोर यातना सहकर भी उन्होंने किसी का नाम न बताया । अंततः उस महान क्रांतिकारी को नदी किनारे ही एक वृक्ष से बांधकर भून दिया गया । इस बलिदान के साक्ष्य थे गोदावरी नदी और नल्लईमल्लई की पहा़डयां हैं ।
Read Moreसुप्रसिद्ध क्रान्तिकारी प्रफुल्ल चाकी का जन्म 10 दिसंबर, 1888 को हुआ था। जब वे दो वर्ष के थे तभी उनके
Read Moreजाति आधारित जनगणना पर देश में मानों राजनैतिक तूफान उठ आया है। कुछ राजनैतिक दल इस तूफान को सत्ता तक
Read More