वीर सावरकर का जीवन युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा
यह लेख वीर सावरकर के जीवन, संघर्ष, विचार और साहस का मानवीय व प्रेरक चित्रण प्रस्तुत करता है। जानिए क्यों उनका जीवन आज की युवा पीढ़ी के लिए आत्मबल, राष्ट्रप्रेम और आत्मानुशासन की प्रेरणा है।
Read Moreयह लेख वीर सावरकर के जीवन, संघर्ष, विचार और साहस का मानवीय व प्रेरक चित्रण प्रस्तुत करता है। जानिए क्यों उनका जीवन आज की युवा पीढ़ी के लिए आत्मबल, राष्ट्रप्रेम और आत्मानुशासन की प्रेरणा है।
Read Moreस्वातंत्र्यवीर विनायक दामोदर सावरकर अकेले ऐसे बलिदानी क्राँतिकारी हैं जिन्हें दो बार आजीवन कारावास हुआ, उनका पूरा जीवन तिहरे संघर्ष से भरा है। एक संघर्ष राष्ट्र की संस्कृति और परंपरा की पुनर्स्थापना के लिये किया। दूसरा संघर्ष अंग्रेजों से मुक्ति केलिये। और तीसरा संघर्ष भारत के अपने ही बंधुओं के लांछन के झाँछन झेलने का।
Read Moreयदि तेल निकालने की मात्रा कम हो तो पिटाई होती थी। भोजन नहीं दिया जाता था। उसी जेल में उनके भाई भी थे पर दोनों भाई एक दूसरे से मिलना तो दूर देख भी नहीं सकते थे। पूरी जेल में सावरकर जी एकमात्र ऐसे कैदी थे, जिनके गले में अंग्रेजों ने एक पट्टी लटका रखी थी। इस पर “D” लिखा था । “D” अर्थात डेंजरस। यातनाएँ देने का यह चक्र चला लगभग ग्यारह वर्ष चला।
Read More