छत्तीसगढ़ में एलपीजी आपूर्ति सामान्य, कमर्शियल उपभोक्ताओं के लिए नई प्राथमिकता व्यवस्था लागू
छत्तीसगढ़ में एलपीजी की आपूर्ति को सुचारु बनाए रखने के लिए राज्य सरकार ने नई वितरण व्यवस्था लागू की है। इसके तहत घरेलू उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके साथ-साथ कमर्शियल गैस उपभोक्ताओं के लिए भी संतुलित और प्राथमिकता आधारित आपूर्ति सुनिश्चित की जा रही है।
खाद्य सचिव श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले के निर्देशन में यह व्यवस्था लागू की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश में घरेलू एलपीजी की उपलब्धता सामान्य बनी हुई है और आम उपभोक्ताओं को निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
नई व्यवस्था के अनुसार, कमर्शियल एलपीजी उपभोक्ताओं को उनकी पिछली खपत के आधार पर अधिकतम 20 प्रतिशत तक गैस उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही आवश्यक सेवाओं से जुड़े संस्थानों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसमें अस्पताल, शैक्षणिक संस्थान, सैन्य और अर्द्धसैन्य कैंप, जेल, हॉस्टल, समाज कल्याण संस्थाएं, रेलवे और एयरपोर्ट कैंटीन को पूर्ण (100 प्रतिशत) आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
इसके अलावा सरकारी कार्यालयों, सार्वजनिक उपक्रमों और उनके गेस्ट हाउस तथा कैंटीन को 50 प्रतिशत आपूर्ति दी जाएगी, जबकि होटल, रेस्टोरेंट और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के लिए 20 प्रतिशत आपूर्ति तय की गई है।
सरकार ने यह भी तय किया है कि ऑयल कंपनियां प्रतिदिन वितरण व्यवस्था की समीक्षा करेंगी और इसकी रिपोर्ट खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग को भेजेंगी, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और प्रभावी बनी रहे।
राज्य सरकार का कहना है कि एलपीजी की उपलब्धता को लेकर पूरी स्थिति पर नजर रखी जा रही है और यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि आम नागरिकों और आवश्यक सेवाओं पर किसी प्रकार का असर न पड़े।

