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futuredसाहित्य

पंडित माधवराव सप्रे जिन्होंने 126 वर्ष पहले छत्तीसगढ़ में पत्रकारिता का पौधा लगाया

हिंदी पत्रकारिता और साहित्य के पुरोधा पंडित माधवराव सप्रे की जयंती पर विशेष आलेख। जानिए कैसे उन्होंने वर्ष 1900 में ‘छत्तीसगढ़ मित्र’ की स्थापना कर छत्तीसगढ़ में पत्रकारिता की नींव रखी, ‘हिंदी केसरी’ का प्रकाशन किया, लोकमान्य तिलक के ग्रंथों का हिंदी अनुवाद किया और राष्ट्रीय चेतना के विस्तार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

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futuredमेरा गाँव मेरा बचपन

अमुआ तले डोला रख दे मुसाफिर

फलों के राजा आम का भारतीय संस्कृति, साहित्य, इतिहास और लोकजीवन से गहरा संबंध है। जानिए आम की परंपरा, किस्मों, सांस्कृतिक महत्व और उससे जुड़ी रोचक स्मृतियों की दिलचस्प कहानी।

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futuredइतिहास

महाराणा प्रताप के शौर्य ने जीता हल्दीघाटी युद्ध

हल्दीघाटी युद्ध के 450 वर्ष पूर्ण होने पर महाराणा प्रताप की विजय, शौर्य और स्वाभिमान से जुड़े ऐतिहासिक प्रमाणों का विश्लेषण। जानिए प्रशस्तियों, शिलालेखों और समकालीन स्रोतों में वर्णित हल्दीघाटी युद्ध की गाथा।

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futuredइतिहास

हल्दीघाटी : अमर स्वाभिमान

हल्दीघाटी युद्ध 1576 भारतीय इतिहास में स्वाभिमान, स्वतंत्रता और वीरता का अमर प्रतीक है। जानिए महाराणा प्रताप, चेतक और मेवाड़ के अद्वितीय संघर्ष की प्रेरणादायी गाथा।

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futuredइतिहास

तेरा भाना मीठा लागे : गुरु अर्जुन देव जी का बलिदान

सन् 1606 में गुरु अर्जुन देव जी का बलिदान भारतीय इतिहास की एक महत्वपूर्ण घटना है। जानिए जहांगीर के आदेश, लाहौर की यातनाओं, सिख परंपरा के ऐतिहासिक स्रोतों और मानवता को दिए गए गुरु जी के अमर संदेश की तथ्यात्मक एवं संवेदनशील कथा।

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futuredहमारे नायक

मेरी झाँसी नहीं दूंगी : महारानी लक्ष्मीबाई

महारानी लक्ष्मीबाई के जीवन, संघर्ष, शौर्य, 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान, ग्वालियर के अंतिम युद्ध और नारी शक्ति के प्रतीक रूप में उनकी अमर विरासत पर आधारित विस्तृत आलेख।

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