इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की बड़ी घोषणा, मंडी शुल्क में छूट एक साल बढ़ी
रायपुर, 10 जनवरी 2026/ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय आज राजधानी रायपुर के एक निजी रिसॉर्ट में आयोजित इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने चावल निर्यातकों को बड़ी सौगात देते हुए मंडी शुल्क में दी जा रही छूट की अवधि को एक वर्ष के लिए बढ़ाने की घोषणा की। मुख्यमंत्री की इस घोषणा से चावल निर्यातकों के साथ-साथ किसानों को भी सीधा लाभ मिलेगा।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) के क्षेत्रीय कार्यालय का शुभारंभ भी किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में ऑर्गेनिक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है। दंतेवाड़ा में ऑर्गेनिक चावल की खेती हो रही है, जिसे और अधिक प्रोत्साहन देने की आवश्यकता है।
छत्तीसगढ़ से चावल के निर्यात को मिलेगा नया प्रोत्साहन
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट का यह दूसरा संस्करण अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस आयोजन में 12 देशों के बायर्स और 6 देशों के दूतावास प्रतिनिधिमंडलों की उपस्थिति से छत्तीसगढ़ को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिलेगी। उन्होंने छत्तीसगढ़ की धरती पर आए सभी विदेशी मेहमानों का स्वागत और अभिनंदन किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पूर्वजों ने छत्तीसगढ़ को सोच-समझकर “धान का कटोरा” कहा था और आज प्रदेश इस पहचान को सार्थक सिद्ध कर रहा है। चावल छत्तीसगढ़ के खानपान का अभिन्न हिस्सा है और यहां धान की हजारों प्रजातियां उगाई जाती हैं। सरगुजा अंचल के सुगंधित जीराफूल और दुबराज चावल का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इनकी खुशबू दूर से ही पहचान में आ जाती है।
चावल निर्यातकों द्वारा लंबे समय से मंडी शुल्क में छूट की मांग की जा रही थी। पिछले वर्ष सरकार ने यह छूट दी थी, जिसकी अवधि दिसंबर 2025 में समाप्त हो रही थी। अब इसे एक वर्ष के लिए बढ़ाकर निर्यात को और गति दी गई है।
90 देशों को लगभग एक लाख टन चावल का निर्यात
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार की नई औद्योगिक नीति के तहत लघु उद्योगों को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे चावल के प्रसंस्करण और निर्यात को मजबूती मिलेगी। वर्तमान में छत्तीसगढ़ से लगभग 90 देशों को करीब एक लाख टन चावल का निर्यात किया जा रहा है। सरकार निर्यातकों को हरसंभव सहयोग प्रदान कर रही है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी की जा रही है। पिछले वर्ष 149 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी हुई थी और इस वर्ष इसमें और वृद्धि की संभावना है। मुख्यमंत्री ने केंद्र और राज्य सरकार द्वारा किसानों के हित में संचालित योजनाओं की जानकारी भी साझा की।
मुख्यमंत्री ने चावल पर केंद्रित प्रदर्शनी का किया अवलोकन
इंडिया इंटरनेशनल राइस समिट के दौरान मुख्यमंत्री ने चावल पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। उन्होंने विभिन्न किस्मों के चावल, क्षेत्र विशेष में उत्पादित प्रजातियों, उत्पादन में हो रहे नवाचारों और आधुनिक तकनीकों के बारे में जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने शासकीय स्टॉलों का निरीक्षण कर चावल के उत्पादन और विपणन को बढ़ावा देने वाले प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे नवाचार किसानों की आय बढ़ाने और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में सहायक सिद्ध होंगे।
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, एपीडा के चेयरमैन अभिषेक देव, छत्तीसगढ़ राइस मिलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष कांति लाल, राम गर्ग सहित देशभर से आए राइस मिलर्स, चावल व्यवसायी और अन्य स्टेकहोल्डर्स उपस्थित रहे।
