नाट्यशास्त्र के प्रणेता आचार्य भरतमुनि ने विश्व को दी नाट्यकला : भरतमुनि जयंती माघ पूर्णिमा
भरतमुनि का नाट्यशास्त्र विश्व का प्राचीनतम नाट्यग्रंथ है, जिसमें नाटक, संगीत, नृत्य और रस सिद्धांत का वैज्ञानिक विवेचन मिलता है।
Read Moreभरतमुनि का नाट्यशास्त्र विश्व का प्राचीनतम नाट्यग्रंथ है, जिसमें नाटक, संगीत, नृत्य और रस सिद्धांत का वैज्ञानिक विवेचन मिलता है।
Read Moreभरतमुनि द्वारा रचित नाट्यशास्त्र केवल अभिनय का शास्त्र नहीं, बल्कि यह सप्तद्वीपों के माध्यम से वैश्विक संस्कृति, समाज, नृत्य और दर्शन की सनातन वैज्ञानिक प्रस्तुति है, जो आज भी विश्व बंधुत्व की भावना को प्रेरित करता है।
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