अमेरिका ने प्रधानमंत्री मोदी की सराहना की, ट्रंप बोले— “भारत के साथ हमारी मजबूत दोस्ती”
भारत और अमेरिका के रिश्तों में एक बार फिर गर्मजोशी देखने को मिली है। मंगलवार को भारत स्थित अमेरिकी दूतावास ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रशंसा करते हुए एक संदेश साझा किया, जिसमें अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयान का हवाला दिया गया।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट किए गए संदेश में अमेरिकी मिशन ने लिखा, “भारत दुनिया की सबसे प्राचीन सभ्यताओं में से एक का घर है। यह एक अद्भुत देश है और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में अमेरिका का एक अहम रणनीतिक साझेदार है। प्रधानमंत्री मोदी के रूप में हमें एक बेहतरीन मित्र मिला है।” — राष्ट्रपति डोनाल्ड जे. ट्रंप।
यह संदेश ऐसे समय आया है जब पिछले सप्ताह प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच फोन पर बातचीत हुई थी। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा की और व्यापारिक सहयोग को आगे बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की। यह बातचीत अक्टूबर के बाद दोनों नेताओं का पहला सीधा संवाद था।
सूत्रों के अनुसार, यह बातचीत ऐसे समय हुई जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक तनाव कम करने की कोशिशें तेज हो रही हैं। इसी दौरान अमेरिका के नए उप व्यापार प्रतिनिधि रिक स्विट्जर दो दिवसीय भारत दौरे पर थे, जहाँ उन्होंने वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल समेत कई वरिष्ठ भारतीय अधिकारियों से मुलाकात की।
व्यापार समझौते की ओर बढ़ते कदम
बीते कुछ महीनों से भारत-अमेरिका व्यापार संबंधों में खटास देखी गई थी। इस साल की शुरुआत में ट्रंप प्रशासन ने भारतीय उत्पादों पर 25 प्रतिशत जवाबी शुल्क लगाया था। इसके बाद रूस से तेल खरीद को लेकर भारत पर अतिरिक्त 25 प्रतिशत शुल्क लगाया गया, जिससे कुल टैरिफ 50 प्रतिशत तक पहुँच गया—जो किसी भी देश पर लगाया गया अमेरिका का सबसे ऊँचा शुल्क था।
हालाँकि, हालिया घटनाक्रम से संकेत मिल रहे हैं कि दोनों देश व्यापार समझौते की दिशा में आगे बढ़ सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रंप से हुई बातचीत को “सौहार्दपूर्ण और सकारात्मक” बताते हुए कहा कि दोनों देशों ने वैश्विक और क्षेत्रीय मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किया।
प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया पर लिखा, “राष्ट्रपति ट्रंप के साथ बेहद आत्मीय बातचीत हुई। हमने द्विपक्षीय संबंधों की प्रगति की समीक्षा की और अंतरराष्ट्रीय विकास पर चर्चा की। भारत और अमेरिका वैश्विक शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए मिलकर काम करते रहेंगे।”
वहीं, मुख्य आर्थिक सलाहकार वी. अनंथा नागेश्वरन ने हाल ही में उम्मीद जताई है कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता मौजूदा वित्त वर्ष के अंत तक पूरा हो सकता है।
हालाँकि भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि किसी भी समझौते में देश के घरेलू आर्थिक हितों और प्राथमिकताओं को पूरी तरह ध्यान में रखा जाएगा।

