समता और सामाजिक परिवर्तन के अग्रदूत : गुरु अमरदास
गुरु अमरदास के जीवन, सामाजिक सुधारों और समता आधारित विचारधारा पर आधारित यह आलेख उनके योगदान को विस्तार से प्रस्तुत करता है।
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Read Moreगुरु नानक देव जी ने भक्ति आंदोलन को आध्यात्मिकता से आगे बढ़ाकर सामाजिक समरसता, नारी सम्मान और भाईचारे का प्रतीक बनाया। उनकी साखियों में मानवता और एकेश्वरवाद का जीवंत संदेश छिपा है, जो आज भी प्रासंगिक है।
Read Moreभारत में सनातन हिंदू धर्म के साथ-साथ बौद्ध, जैन, सिख जैसे अनेक मत पंथों का विकास हुआ है, जो सभी किसी न किसी रूप में भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक मूल्यों से जुड़े हैं। इनकी तुलना में सेमेटिक धर्म जैसे यहूदी, ईसाई और इस्लाम एकेश्वरवाद और कर्मकांड पर आधारित हैं। भारत की धार्मिक विविधता और सहिष्णुता ही उसे विश्व में एक विशिष्ट स्थान प्रदान करती है।
Read Moreबैसाखी की जड़ें प्राचीन भारत में गहरी हैं, जब यह मुख्य रूप से पंजाब और उत्तरी भारत के किसानों द्वारा एक फसल त्योहार के रूप में मनाया जाता था। यह वह समय था जब सर्दियों की फसलें, विशेष रूप से गेहूँ, तैयार होकर खेतों में सुनहरी चमक बिखेरती थीं।
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