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पेंशन पर आयकर खत्म करने की मांग, बजट से पहले वित्त मंत्री को पेंशनर्स महासंघ का ज्ञापन

रायपुर 27जनवरी 2026/ भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ ने सेवा निवृत्त सरकारी कर्मचारियों की पेंशन पर आयकर (इन्कम टैक्स ) समाप्त करने की मांग की है ।इसके लिए महासंघ के राष्ट्रीय महामंत्री वीरेन्द्र नामदेव ने केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण को बजट-पूर्व ज्ञापन भेजा है।

नामदेव ने आज यहाँ बताया कि ज्ञापन की प्रतिलिपि प्रधानमंत्री कार्यालय और भारत सरकार के वित्त सचिव को भी भेजी गई है । उल्लेखनीय है कि वित्त मंत्री द्वारा आगामी वित्तीय वर्ष 2026 -27 का केन्द्रीय बजट संसद में एक फरवरी 2026 को प्रस्तुत किए जाने की संभावना है ।

इसे देखते हुए भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ की ओर से केंद्रीय वित्त मंत्री को प्रेषित ज्ञापन में कहा गया है कि देश के सेवानिवृत्त सरकारी अधिकारी और कर्मचारी अपने सम्पूर्ण सेवाकाल में राष्ट्र निर्माण, प्रशासनिक व्यवस्था और जनसेवा में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। सेवानिवृत्ति के बाद उन्हें जीवन यापन के लिए सिर्फ़ पेंशन मिलती है,जिसे नियमित वेतन के समकक्ष नहीं माना जा सकता।

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नामदेव ने कहा कि वर्तमान समय में बढ़ती महँगाई, चिकित्सा व्यय और दैनिक जरूरतों की बढ़ती लागत ने पेंशनर्स की आर्थिक स्थिति को अत्यंत चुनौतीपूर्ण बना दिया है। वृद्धावस्था में स्वास्थ्य संबंधी खर्च बढ़ जाते हैं, जबकि आय सीमित और स्थिर रहती है। ऐसे में पेंशन पर आयकर (इन्कम टैक्स )लगाने से पेंशनर्स पर अनावश्यक आर्थिक और मानसिक बोझ पड़ता है।

नामदेव ने कहा कि शासकीय कर्मचारियों को मिलने वाला पेंशन कोई अनुदान या अतिरिक्त लाभ नहीं है,बल्कि सुदीर्घ सेवाकाल में की गई सरकारी सेवाओं से अर्जित अधिकार है और उनके लिए सामाजिक सुरक्षा का महत्वपूर्ण माध्यम है।इसलिए इसे कर योग्य आय के स्थान पर सामाजिक सुरक्षा की श्रेणी में रखा जाना अधिक न्यायसंगत होगा।

नामदेव ने बताया कि भारतीय राज्य पेंशनर्स महासंघ ने ज्ञापन में केंद्र सरकार से मांग की है कि आगामी केंद्रीय बजट में सेवानिवृत्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आयकर (इन्कम टैक्स )से पूर्णतः छूट प्रदान किए जाने का स्पष्ट प्रावधान किया जाए, जिससे देश के करोड़ों पेंशनर्स को आर्थिक राहत और सम्मानजनक जीवन यापन का अवसर मिल सके।

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