मालवा और निमाड़ का प्रमुख उत्सव संजा
उत्सवों का मानव जीवन से आदिकाल से गहरा नाता रहा है। यह केवल सामूहिक उल्लास और सांस्कृतिक अभिव्यक्ति का माध्यम
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Read Moreप्रोजेक्ट चीता की २०२३-२४ की वार्षिक प्रगति रिपोर्ट के अनुसार, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के जिलों को शामिल करते हुए अंतरराज्यीय चीता संरक्षण परिसर का निर्माण किया जाएगा।
Read Moreसावन,भादों में बच्चों के बीच इसे पकड़ने के लिए होड़ लग जाती थी, कि किसने कितनी पकड़ी और लाल पंखों वाला राजा किसके हाथ लगा। फुरफुन्दी पकड़ना आसान भी नहीं था। छोटे-छोटे पौधों पर इधर से उधर, कभी आगे, कभी पीछे उड़ने वाली फुरफुन्दी जिसे दबे पांव चुपचाप पकड़ना पड़ता था।
Read Moreआचार्य धर्मेन्द्र का जीवन केवल राजनीतिक संघर्ष तक सीमित नहीं था, बल्कि उन्होंने भारतीय समाज में स्वत्व और सांस्कृतिक गौरव की स्थापना के लिए भी अपना पूरा जीवन समर्पित किया।
Read Moreसंयुक्त राष्ट्र महासभा में फ़िलिस्तीन से जुड़े प्रस्ताव पर मतदान हुआ, जिसमें भारत ने हिस्सा नहीं लिया। इस १९३ सदस्यीय महासभा में प्रस्ताव को १२४ देशों के समर्थन से पास किया गया, जबकि १४ देशों ने विरोध किया।
Read Moreकरमा नृत्य के बारे में कई पौराणिक कहानियाँ और धार्मिक धारणाएँ प्रचलित हैं। इसका संबंध ‘करम’ देवता से जोड़ा जाता है, जिन्हें कर्म का प्रतीक माना जाता है। करम देवता की पूजा फसलों की अच्छी पैदावार और परिवार की खुशहाली के लिए की जाती है।
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